डाउनलोड मुद्रण

अ+   अ-

कविता

दीमकें
नरेश सक्सेना


दीमकों को
पढ़ना नहीं आता

वे चाट जाती हैं
पूरी
किताब।

 


End Text   End Text    End Text

हिंदी समय में नरेश सक्सेना की रचनाएँ