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कविता

क्रम
त्रिलोचन


पीछे उषाएँ हैं
और आगे संध्याएँ पंक्तिबद्ध
बीच में मैं मेरा आकाश

 


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हिंदी समय में त्रिलोचन की रचनाएँ