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कविता

घृणा करने वाला
माया एंजेलो

अनुवाद - सरिता शर्मा


घृणा वह व्यक्ति करता है
जो जलता है औरों से, ईर्ष्यालु है और बिता देता है
अपना सारा समय तुम्हें नीचा दिखाने में खुद ऊँचा दिखने के लिए
बहुत नकारात्मक लोग हैं वे कभी किसी से खुश नहीं होते हैं

जब भी कुछ करके दिखाओगे
ईर्ष्यालुओं को अपनी तरफ खिंचा पाओगे
इसीलिए सावधान रहना तुम जिसके साथ बाँटो तुम
अपने सपनों और अपनी उपलब्धियों को
क्योंकि कुछ लोग
नहीं सहन कर पाते तुम्हारी खुशियाँ
किसी और जैसा बन जाना भयावह है
...अगर ईश्वर चाहता तुम बन जाओ औरों जैसा,
तुम्हें वह सब दिया हो जो उनको दिया है। है ना?
तुम्हें कभी पता नहीं चलेगा
लोगों को जो मिला है उसको पाने के लिए क्या क्या पापड़ बेले हैं

मुझे जलने वालों से समस्या यह है कि
वे मेरी शान देखते हैं, मगर नहीं जानते मेरी सच्चाई
बाड़ के परे घास खूब हरी दिखती है।
मान के चलो पानी का बिल बहुत ज्यादा होगा।

हम सबके बीच नफरत करने वाले हैं
कुछ लोग आपसे ईर्ष्या कर सकते हैं, क्योंकि :
...भगवान से प्यारा रिश्ता है तुम्हारा
...जहाँ जाते हो रौशनी फैलाते हो
...अपना खुद का काम शुरू किया है
...किसी स्त्री पुरुष से बदला ले सकते हो
अगर वे गलती पर हों
अकेले होते हुए अपने बच्चों को पाल सकते हो।

घृणालु तुम्हारी खुशी बर्दाश्त नहीं कर पाता
वह तुम्हें सफल होते देख नहीं सकता
हमारे अधिकांश घृणालु हमारे पक्ष में होना चाहिए थे।

कैसे निपटोगे छुपे घृणालुओं से ?
इन घृणालुओं से निपट सकते हो इस तरह :
...जान तुम कौन हो और कौन सच्चे दोस्त हैं तुम्हारे (बहुत महत्वपूर्ण!)
...जीवन का कोई मकसद हो :
मकसद का मतलब नौकरी मिलना नहीं है।
नौकरी करके भी तुम अपूर्ण हो सकते हो।
उस उद्देश्य की साफ समझ कि जिसके लिए भगवान ने बनाया तुम्हें
तुम्हारे उद्देश्य का इससे कोई लेना देना नहीं
दूसरे क्या सोचते हैं तुम्हारे बारे में

याद रखो जो मिला प्रभु की कृपा है और आदमी की जोड़तोड़ नहीं।
अपने सपनों को पूरा करो! एक ही जीवन मिला है तुम्हें जीने को
...जब पृथ्वी को छोड़ने का वक्त आए तो कह सको,
'मैंने अपना जीवन भरपूर जिया और सच कर लिए सपने...
अब घर जाने के लिए तैयार हूँ मैं !

भगवान जब तुम्हारा साथ देता है, अपने घृणालुओं से कह सकते हो
...मुझे मत देखो...'
उसे देखो जिसका मेरे सिर पर हाथ है

 


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